परिचय व जीवनचरित्र
संत सोयराबाई १४वीं सदी की वारकरी संप्रदाय की संत-कवयित्री और संत चोखामेला की पत्नी थीं.
महत्त्व व वारसा
उनके अभंग पारिवारिक जीवन और अद्वैत भक्ति के समन्वय का सुंदर उदाहरण हैं.
संत सोयराबाई १४वीं सदी की वारकरी संप्रदाय की संत-कवयित्री और संत चोखामेला की पत्नी थीं.
उनके अभंग पारिवारिक जीवन और अद्वैत भक्ति के समन्वय का सुंदर उदाहरण हैं.