Advertisement
‹

नवंबर ६–१२, २००७

आश्विन कृ. द्वादशी – कार्तिक शु. द्वितीया

›
ग्रेगोरियन २००७
📅 साप्ताहिक पंचांग
आश्विन कृ. १२ – शु. २
नवंबर ६–१२, २००७  ·  शक संवत १९२९ • विक्रम संवत २०६४
🌙 कृष्ण पक्ष
♒ कन्या चंद्र राशि
🪷 धनतेरस (धनत्रयोदशी)
🪷 नरक चतुर्दशी (छोटी दिवाली)
७
दिन
६
त्योहार और व्रत
०
सार्वजनिक अवकाश
🌙
पक्ष
मंगलवार
६
द्वादशी
आश्विन कृ. १२ — मंगलवार, नवंबर ६
नक्षत्र: उत्तरा फाल्गुनी  |  योग: वैधृति  |  करण: कौलव
🌅 खगोलीय जानकारी
🌅सूर्योदय०६:३७
🌇सूर्यास्त१७:५८
🌙चंद्रोदय०४:२०
⏱दिन की अवधि११ घंटे २१ मिनट
📿 पंचांग विवरण
नक्षत्रउत्तरा फाल्गुनी
योगवैधृति
करणकौलव
चंद्र राशिकन्या
🕐 चौघड़िया
रोग ०६:३७ – ०८:०२
उद्वेग ०८:०२ – ०९:२७
चर ०९:२७ – १०:५२
लाभ १०:५२ – १२:१८
⏰ शुभ मुहूर्त
अभिजित मुहूर्त
११:५५ – १२:४०
राहुकाल ⚠
१५:०८ – १६:३३
यमगंड
०९:२७ – १०:५२
बुधवार
७
त्रयोदशी
आश्विन कृ. १३ — बुधवार, नवंबर ७
नक्षत्र: हस्त  |  योग: विष्कंभ  |  करण: गर
धनतेरस (धनत्रयोदशी)
🌅 खगोलीय जानकारी
🌅सूर्योदय०६:३७
🌇सूर्यास्त१७:५८
🌙चंद्रोदय०५:०८
⏱दिन की अवधि११ घंटे २० मिनट
📿 पंचांग विवरण
नक्षत्रहस्त
योगविष्कंभ
करणगर
चंद्र राशिकन्या
🕐 चौघड़िया
लाभ ०६:३७ – ०८:०२
अमृत ०८:०२ – ०९:२८
काल ०९:२८ – १०:५३
शुभ १०:५३ – १२:१८
⏰ शुभ मुहूर्त
अभिजित मुहूर्त
११:५५ – १२:४०
राहुकाल ⚠
१२:१८ – १३:४३
यमगंड
०८:०२ – ०९:२८
गुरुवार
८
चतुर्दशी
आश्विन कृ. १४ — गुरुवार, नवंबर ८
नक्षत्र: चित्रा  |  योग: प्रीति  |  करण: विष्टि
नरक चतुर्दशी (छोटी दिवाली)
🌅 खगोलीय जानकारी
🌅सूर्योदय०६:३८
🌇सूर्यास्त१७:५७
🌙चंद्रोदय०५:५८
⏱दिन की अवधि११ घंटे १९ मिनट
📿 पंचांग विवरण
नक्षत्रचित्रा
योगप्रीति
करणविष्टि
चंद्र राशितुला
🕐 चौघड़िया
शुभ ०६:३८ – ०८:०३
रोग ०८:०३ – ०९:२८
उद्वेग ०९:२८ – १०:५३
चर १०:५३ – १२:१८
⏰ शुभ मुहूर्त
अभिजित मुहूर्त
११:५५ – १२:४०
राहुकाल ⚠
१३:४३ – १५:०८
यमगंड
०६:३८ – ०८:०३
शुक्रवार
९
अमावस्या
आश्विन कृ. १५ — शुक्रवार, नवंबर ९
नक्षत्र: स्वाति  |  योग: आयुष्मान  |  करण: चतुष्पाद
🌑 लक्ष्मी पूजन (दीपावली)
🌅 खगोलीय जानकारी
🌅सूर्योदय०६:३८
🌇सूर्यास्त१७:५७
🌙चंद्रास्त१७:२३
⏱दिन की अवधि११ घंटे १८ मिनट
📿 पंचांग विवरण
नक्षत्रस्वाति
योगआयुष्मान
करणचतुष्पाद
चंद्र राशितुला
🕐 चौघड़िया
चर ०६:३८ – ०८:०३
लाभ ०८:०३ – ०९:२८
अमृत ०९:२८ – १०:५३
काल १०:५३ – १२:१८
⏰ शुभ मुहूर्त
अभिजित मुहूर्त
११:५५ – १२:४०
राहुकाल ⚠
१०:५३ – १२:१८
यमगंड
१५:०७ – १६:३२
शनिवार
१०
प्रतिपदा
कार्तिक शु. १ — शनिवार, नवंबर १०
नक्षत्र: विशाखा  |  योग: सौभाग्य  |  करण: किंस्तुघ्न
गोवर्धन पूजा / बलि प्रतिपदा
🌅 खगोलीय जानकारी
🌅सूर्योदय०६:३९
🌇सूर्यास्त१७:५७
🌙चंद्रोदय०६:४९
⏱दिन की अवधि११ घंटे १७ मिनट
📿 पंचांग विवरण
नक्षत्रविशाखा
योगसौभाग्य
करणकिंस्तुघ्न
चंद्र राशितुला
🕐 चौघड़िया
काल ०६:३९ – ०८:०४
शुभ ०८:०४ – ०९:२८
रोग ०९:२८ – १०:५३
उद्वेग १०:५३ – १२:१८
⏰ शुभ मुहूर्त
अभिजित मुहूर्त
११:५५ – १२:४०
राहुकाल ⚠
०९:२८ – १०:५३
यमगंड
१३:४३ – १५:०७
रविवार
११
प्रतिपदा
कार्तिक शु. १ — रविवार, नवंबर ११
नक्षत्र: अनुराधा  |  योग: शोभन  |  करण: बव
गोवर्धन पूजा / बलि प्रतिपदा भाई दूज 🌍 राष्ट्रीय शिक्षा दिवस
🌅 खगोलीय जानकारी
🌅सूर्योदय०६:३९
🌇सूर्यास्त१७:५६
🌙चंद्रोदय०७:४२
⏱दिन की अवधि११ घंटे १६ मिनट
📿 पंचांग विवरण
नक्षत्रअनुराधा
योगशोभन
करणबव
चंद्र राशिवृश्चिक
🕐 चौघड़िया
उद्वेग ०६:३९ – ०८:०४
चर ०८:०४ – ०९:२९
लाभ ०९:२९ – १०:५३
अमृत १०:५३ – १२:१८
⏰ शुभ मुहूर्त
अभिजित मुहूर्त
११:५५ – १२:४१
राहुकाल ⚠
१६:३२ – १७:५६
यमगंड
१२:१८ – १३:४३
सोमवार
१२
द्वितीया
कार्तिक शु. २ — सोमवार, नवंबर १२
नक्षत्र: ज्येष्ठा  |  योग: अतिगंड  |  करण: कौलव
🌅 खगोलीय जानकारी
🌅सूर्योदय०६:४०
🌇सूर्यास्त१७:५६
🌙चंद्रोदय०८:३५
⏱दिन की अवधि११ घंटे १६ मिनट
📿 पंचांग विवरण
नक्षत्रज्येष्ठा
योगअतिगंड
करणकौलव
चंद्र राशिवृश्चिक
🕐 चौघड़िया
अमृत ०६:४० – ०८:०४
काल ०८:०४ – ०९:२९
शुभ ०९:२९ – १०:५४
रोग १०:५४ – १२:१८
⏰ शुभ मुहूर्त
अभिजित मुहूर्त
११:५६ – १२:४१
राहुकाल ⚠
०८:०४ – ०९:२९
यमगंड
१०:५४ – १२:१८
📋 साप्ताहिक सारांश
पक्षकृष्ण पक्ष
तिथिद्वादशी – द्वितीया
महीनाआश्विन
सूर्योदय⬆ ०६:३७ → ०६:४०
सूर्यास्त⬇ १७:५८ → १७:५६
विक्रम संवत२०६४
🎊 इस सप्ताह के त्योहार
🪷

धनतेरस (धनत्रयोदशी)

बुधवार, नवंबर ७ · त्रयोदशी

🪷

नरक चतुर्दशी (छोटी दिवाली)

गुरुवार, नवंबर ८ · चतुर्दशी

🪷

लक्ष्मी पूजन (दीपावली)

शुक्रवार, नवंबर ९ · अमावस्या

🪷

गोवर्धन पूजा / बलि प्रतिपदा

शनिवार, नवंबर १० · प्रतिपदा

🪷

गोवर्धन पूजा / बलि प्रतिपदा

रविवार, नवंबर ११ · प्रतिपदा

🪷

भाई दूज

रविवार, नवंबर ११ · प्रतिपदा

✨ शुभ मुहूर्त
💍

विवाह मुहूर्त

इस सप्ताह का अभिजित मुहूर्त और अमृत योग उत्तम है।

🏠

गृहप्रवेश व नवीन खरेदी

शुभ चौघड़िया और अमृत काल में उत्तम मुहूर्त निर्धारित किया जा सकता है।

🌍 ग्रह स्थिति
☀️if($langCode==='gu')સૂર્ય@elseसूर्यतुला
🌙if($langCode==='gu')ચંદ્ર@elseचंद्रकन्या → वृश्चिक
🪐विक्रम संवतशक संवत १९२९
सरस्वती नमस्तुभ्यं वरदे कामरूपिणि।
विद्यारम्भं करिष्यामि सिद्धिर्भवतु मे सदा॥
— सरस्वती स्तोत्र
Advertisement
🪔
🪔

ॐ सर्वे भवन्तु सुखिनः। सर्वे सन्तु निरामयाः।

May all be happy. May all be free from illness.

🪔
✨
🪔
🌸
✨
🌺
✕
📢

प्रायोजित विज्ञापन

हमारा समर्थन करें
विज्ञापन
📅 कैलेंडर 🪷 त्योहार 🔮 राशिफल 📰 ब्लॉग