Advertisement
🕉
📿 व्रत और उपवास कैलेंडर ✦ 📍 PUNE

अमावस्या व्रत (३४०५)

Pune में सटीक पंचांग समय के अनुसार

📍 Pune
१८.५२०४° N  ·  ७३.८५६७° E
📖

व्रत का महत्व और जानकारी

अमावस्या व्रत पितरों की आत्मतृप्ति और पितृ दोष निवारण के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण माना जाता है। अमावस्या को चंद्रमा दिखाई नहीं देता। इस दिन पूर्वजों का ध्यान कर तर्पण, श्राद्ध कर्म और दान-पुण्य करने से पितृ प्रसन्न होते हैं और वंश की उन्नति होती है।

✨ व्रत और पूजा का समय

पितृ तर्पण और श्राद्ध कर्म दोपहर से पहले (कुतुप काल: सुबह 11:30 से दोपहर 1:30 बजे के बीच) करना सबसे शुभ होता है। कौए और पशुओं को भोजन दोपहर से पहले कराएं।

📋 पूजा सामग्री
  • काले तिल और कुशा घास
  • जौ और अक्षत (चावल)
  • तांबे का लोटा और गंगाजल
  • सफेद फूल (पितरों को प्रिय)
  • दीपक और अगरबत्ती
  • पितरों के भोग के लिए सात्विक भोजन (खीर-पूरी आदि)
  • गाय, कुत्ते और कौए के लिए भोजन का अंश
  • दान के लिए अनाज, वस्त्र या धन
🪷 पूजा विधि
  1. सुबह सूर्योदय से पूर्व उठकर स्नान आदि से निवृत्त हों।
  2. सूर्य देव को जल अर्पित कर प्रार्थना करें।
  3. दक्षिण दिशा की ओर मुख करके काले तिल, कुशा और जल से पितरों का तर्पण करें।
  4. पितरों के निमित्त सात्विक भोजन बनाएं और उसका एक भाग कौए के लिए छत पर रखें।
  5. गाय और कुत्ते को भी भोजन कराएं।
  6. घर के मंदिर में दीपक जलाकर भगवान शिव या विष्णु जी की पूजा करें।
  7. दिनभर सात्विक आचरण रखें और गरीबों को अन्न-वस्त्र दान करें।
📅

वार्षिक व्रत कैलेंडर तिथियां और समय

# तारीख / दिनांक वार महीना / तिथि शुभ मुहूर्त
१ २३ जनवरी ३४०५ बुधवार पौष कृष्ण पक्ष अमावस्या प्रदोष काळ: 18:19 – 20:43
२ २२ फरवरी ३४०५ शुक्रवार माघ कृष्ण पक्ष अमावस्या प्रदोष काळ: 18:35 – 20:59
३ २३ मार्च ३४०५ शनिवार फाल्गुन कृष्ण पक्ष अमावस्या प्रदोष काळ: 18:44 – 21:08
४ २१ मई ३४०५ मंगलवार वैशाख कृष्ण पक्ष अमावस्या प्रदोष काळ: 19:05 – 21:29
५ १९ जून ३४०५ बुधवार ज्येष्ठ कृष्ण पक्ष अमावस्या प्रदोष काळ: 19:16 – 21:40
६ १७ अगस्त ३४०५ शनिवार श्रावण कृष्ण पक्ष अमावस्या प्रदोष काळ: 19:03 – 21:27
७ १५ सितंबर ३४०५ रविवार भाद्रपद कृष्ण पक्ष अमावस्या प्रदोष काळ: 18:39 – 21:03
८ १५ अक्टूबर ३४०५ मंगलवार आश्विन कृष्ण पक्ष अमावस्या प्रदोष काळ: 18:13 – 20:37
९ १४ नवंबर ३४०५ गुरुवार कार्तिक कृष्ण पक्ष अमावस्या प्रदोष काळ: 17:57 – 20:21
१० १४ दिसंबर ३४०५ शनिवार मार्गशीर्ष कृष्ण पक्ष अमावस्या प्रदोष काळ: 17:58 – 20:22
🕉️

व्रत प्रकार चुनें

अन्य व्रतों की तिथियां देखने के लिए चुनें:

📍

स्थान बदलें

पंचांग समय आपके स्थानीय सूर्योदय-सूर्यास्त के अनुसार बदलता है।

📅

वर्ष बदलें

✨

पूजा विधि एवं नियम

१
प्याज, लहसुन, मांस और मदिरा का सेवन पूर्णतः वर्जित है।
२
इस दिन बाल, नाखून काटना या दाढ़ी बनाना वर्जित माना जाता है।
३
घर में शांति बनाए रखें, किसी से वाद-विवाद न करें।
४
आंशिक उपवास रखें और दोपहर में पितृ तर्पण के बाद सात्विक भोजन करें।
ॐ पितृभ्यः नमः॥
— पवित्र मंत्र
Advertisement
🪔
🪔

ॐ सर्वे भवन्तु सुखिनः। सर्वे सन्तु निरामयाः।

May all be happy. May all be free from illness.

🪔
✨
🪔
🌸
✨
🌺
✕
🔒

प्रीमियम सामग्री (Premium Content)

वर्ष 3405 लॉक है

इस अनुभाग को देखने के लिए सक्रिय प्रो सदस्यता (Active Pro Subscription) या इस पृष्ठ की खरीद आवश्यक है।

📅 कैलेंडर 🪷 त्योहार 🔮 राशिफल 📰 ब्लॉग